लोकसभा में एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा के दौरान विपक्ष के नेता राहुल गांधी के भाषण पर दो बार हंगामा हुआ। पहली बार तब जब उन्होंने ‘इडियट’ और ‘अंधभक्त’ शब्द का इस्तेमाल किया और दूसरी बार तब जब उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर छात्रों पर पैलेट गन इस्तेमाल करने की अनुमति देने का आरोप लगाया। दोनों ही मौकों पर सत्ता पक्ष ने कड़ा विरोध जताया और सदन में शोर-शराबा हुआ।
राहुल गांधी ने अपने भाषण की शुरुआत कुछ छात्राओं के साथ हुई बातचीत का जिक्र करते हुए की। उन्होंने कहा कि यह बातचीत एक दिलचस्प नजरिया देती है। एक युवा लड़की ने उनसे कहा कि विद्यार्थी वह होता है जिसका मन और दिल खुला हो। उसने कहा कि दुनिया में ऐसे लोग भी होते हैं जिन्हें लगता है कि वे सब कुछ जानते हैं, वे खुद को भगवान मानते हैं और दूसरों की सच्चाई का सम्मान नहीं करते। जब उन्होंने पूछा कि ऐसे लोगों को वह क्या कहती है तो लड़की ने जवाब दिया “मैं उन्हें इडियट कहती हूं।”
इस बयान पर सत्ता पक्ष ने जोरदार हंगामा किया और संसदीय कार्यमंत्री किरेन रिजिजू ने इसे असंसदीय बताते हुए कार्यवाही से हटाने की मांग की। स्पीकर ओम बिरला ने यह शब्द सदन की कार्यवाही से हटाने का आदेश दिया।
राहुल गांधी ने छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन करते हुए कहा कि यह गुस्सा या नफरत नहीं था बल्कि देश के युवाओं और आने वाली पीढ़ी की गहरी भावना का इजहार था। छात्रों का सम्मान होना चाहिए और भाजपा नेताओं को यह समझना चाहिए कि यही युवा देश के भविष्य हैं। उन्होंने कहा कि अगर भाजपा नेता अपने बच्चों से पूछें तो वे भी छात्रों के समर्थन में खड़े होंगे।
लोकसभा में राहुल गांधी के भाषण पर दो बार हंगामा, अमित शाह पर आरोप से सत्ता पक्ष भड़का


















